Pages Navigation Menu

Breaking News

यूक्रेन में फंसे भारतीय छात्रों को निकालने के लिए ऑपरेशन गंगा

कोविड-19 वैक्सीन की एक खुराक मौत को रोकने में 96.6 फीसदी तक कारगर

हरियाणा: 10 साल पुराने डीजल, पेट्रोल वाहनों पर प्रतिबंध नहीं

सच बात—देश की बात

किसान आंदोलन में शामिल लड़की का बलात्कार- हुई मौत-FIR दर्ज

rape1-1523423242 rapeनई दिल्ली. देश की राजधानी नई दिल्ली की सीमाओं को किसानों का आंदोलन लंबे समय से जारी है। टीकरी बॉर्डर पर भी बहुत बड़ी संख्या में किसान लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। अब इस आंदोलन से एक चौंकाने वाली खबर है। एक महिला आंदोलनकारी जिसकी पिछले 30 अप्रैल को कोरोना से मृत्यु हुई है, उसके पिता ने दावा किया है कि उनकी बेटी का रेप किया गया था। इस बात की जानकारी हरियाणा की झज्जर पुलिस की तरफ से दी गई। पुलिस ने लड़की के पिता की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है।महिला के पिता की तरफ से पुलिस को दी गई जानकारी के अनुसार, मौत से करीब चार दिन पहले पीड़िता को शिवम हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। पुलिस ने इस मामले में टिकरी बॉर्डर पर किसान सोशल आर्मी चलाने वाले अनूप और अनिल मलिक समेत 4 के खिलाफ FIR दर्ज की है। आरोप है कि मृतका इन्हीं लोगों के साथ पश्चिम बंगाल से दिल्ली आई थी और फिर आरोपियों के साथ ही टिकरी बॉर्डर भी पहुंची थी। आरोप है कि लड़की के साथ रेप के आरोपी टिकरी बॉर्डर पर किसान आंदोलन में पूरी तरह से सक्रिय रहते थे। हालांकि इस मामले में जब धरना स्थल पर मौजूद बड़े किसान नेताओं से सवाल किया गया तो वो पूरे मामले से पल्ला झाड़ते रहे हैं। पुलिस ने लड़की के पिता की शिकायत पर IPC की धारा 365, 342, 354, 376 और 120बी के तहत मामला दर्ज कर लिया है। मामले की जांच के लिए पुलिस ने DSP की अगुवाई में तीन इंस्पेक्टर और साइबर सेल को मिलाकर एसआईटी बनाई है। शहर थाना प्रभारी ने कहा है कि जल्द होगी आरोपितों की गिरफ्तारी होगी।

चार लड़के और दो लड़की भी आरोपी बनाई गई
लड़की 11 अप्रैल को आरोपियों के साथ पश्चिम बंगाल से दिल्ली आई थी. दिल्ली से टिकरी बॉर्डर पर आरोपियों के साथ ही पहुंची थीं. लड़की के साथ बलात्कार के आरोपी टिकरी बॉर्डर पर किसान आंदोलन में काफी सक्रिय रहते थे. अनिल मालिक, अनूप सिंह, अंकुश सांगवान, जगदीश बराड़, कविता आर्य और योगिता सुहाग पर मामला दर्ज हुआ है.

संगठन के नेताओं ने भी जांच की मांग की थी

पिछले कई दिनों से कई संगठनों के नेताओं के द्वारा इस मामले को जोर-शोर से उठाया जा रहा था. शनिवार को ही टीकरी बॉर्डर पर संयुक्त मोर्चा की मीटिंग हुई थी. मामले की जांच के लिए डीएसपी की अगुवाई में तीन इंस्पेक्टर और साइबर सेल को मिलाकर एक एसआईटी का गठन किया गया है. शहर थाना प्रभारी के मुताबिक आरोपियों की जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी.इस युवती की कोरोना से मौत के बाद किसानों ने शव यात्रा निकाली थी, जबकि कोरोना संक्रमण से मौत के बाद एक निश्चित गाइडलाइन का पालन कर अंतिम संस्‍कार किया जाता है. किसानों ने कोरोना संक्रमित लड़की का शव निकाला तो संक्रमण का भी डर बना रहा था. कोरोना काल में यह किसान आंदोलन के बीच पहली मौत थी.ऐसे में अब सवाल यह उठता है कि एक तरफ दुष्‍कर्म का मामला तो दर्ज हो गया है तो दूसरी तरफ युवती के शव का अंतिम संस्‍कार भी कर दिया गया है. ऐसे में पुलिस के लिए यह चुनौती होगी कि वह रेप के आरोप को साबित करे. बता दें कि कोरोना संक्रमित मरीजों की मौत के बाद मेडिकल भी नहीं किया जाता है.

Share

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »