Pages Navigation Menu

Breaking News

भारत ने 45 दिनों में किया 12 मिसाइलों का सफल परीक्षण

पाकिस्तान संसद ने माना, हिंदुओं का कराया जा रहा जबरन धर्मातरण

सिनेमा हॉल, मल्टीप्लैक्स, इंटरटेनमेंट पार्क 15 अक्टूबर से खोलने की इजाजत

ऐसे प्रोडक्‍ट बनाएं जो ‘मेक इन इंडिया’ और ‘मेड फॉर वर्ल्‍ड’ हों : मोदी

Modi-759-8नई दिल्ली: भारतीय उद्योग परिसंघ  के 125 साल पूरे होने पर बधाई देते हुए पीएम नरेंद्र मोदी  ने कहा कि कोरोना काल में ऑनलाइन ईवेंट आम होता जा रहा है. इंसान हर मुश्किल का हल निकाल लेता है. देशवासियों का जीवन बचाना है, अर्थव्यवस्था को बढ़ाना है. पीएम मोदी ने कहा कि दुनिया के मुकाबले भारत के हालात बेहतर है. आत्मनिर्भर भारत हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है. हम विकास दर को फिर हासिल करेंगे. अनलॉक 1 में अर्थव्यवस्था को फिर खोला जाएगा. मुझे भारत के किसानों और उद्योगपतियों पर भरोसा है. उन्होंने आगे कहा, “प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना से गरीबों की मदद की गई है. गरीबों को 8 करोड़ गैस सिलेंडर मुफ्त दिए गए. अब किसानों को उनके अधिकार हासिल हो रहे हैं. भारत ने सही समय पर सही कदम उठाया है. 74 करोड़ लाभार्थियों को राशन दिया गया. हमारे लिए सुधार का मतलब कड़े फैसले लेना है.”पीएम ने कहा, “लॉकडाउन को पीछे छोड़कर भारत अनलॉक 1.0 में प्रवेश कर चुका है, भारत की क्षमताओं और उसकी संकट प्रबंधन व्यवस्था में विश्वास रखिए. हम निश्चित रूप से अपनी वृद्धि दर पुन: हासिल करेंगे. हमें कोरोना वायरस से लड़ने के लिए कठोर कदम उठाने होंगे और साथ ही अर्थव्यवस्था की देखभाल के लिए भी कदम उठाने होंगे. ” पीएम मोदी ने कहा, “दुनिया को भारत से उम्मीदें हैं. आयात को लगातार हम कम कर रहे हैं. तीन महीने में पीपीई का करोड़ों में उत्पादन किया गया है. देश आज विकास की नई राह पर है. छोटे उद्योग देश की अर्थव्यवस्था के इंजन हैं. भारत के पास क्षमता और प्रतिभा है.”

आगे कदम बढ़ाएं कारोबारी, मैं उनके साथ: PM

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कार्यक्रम में कहा कि कोरोना वायरस के इस संकट में इस तरह के ऑनलाइन इवेंट शायद यही एक न्यू नॉर्मल है, लेकिन ये हमारी सबसे बड़ी ताकत है. आज भी हमें इस वायरस से लड़ना है, तो दूसरी ओर अर्थव्यवस्था का भी ध्यान रखना है. पीएम ने कहा कि हम अपनी अर्थव्यवस्था की तेज रफ्तार को बिल्कुल वापस पाएंगे.कार्यक्रम में पीएम ने कहा कि मुझे देश की क्षमता, टैलेंट और टेक्नोलॉजी पर भरोसा है, यही वजह है कि हमें विश्वास है कि हम एक बार फिर अर्थव्यवस्था को तेज़ रफ्तार देंगे. कोरोना ने हमारी स्पीड भले ही धीमी की हो, लेकिन भारत लॉकडाउन को पीछे छोड़कर अनलॉक फेज़ में घुस चुका है.पीएम मोदी ने कारोबारियों को भरोसा दिया कि वह उनके साथ खड़े हैं और आप दो कदम आगे बढ़ाएंगे तो सरकार चार कदम आगे बढ़ाएगी. रणनीतिक मामलों में किसी दूसरे पर निर्भर रहना ठीक नहीं है, आत्मनिर्भर भारत का मतलब रोजगार पैदा करना और विश्वास पैदा करना है. ताकि भारत की हिस्सेदारी ग्लोबल सप्लाई चेन में मजबूत हो सके.

भारत ने वक्त रहते लिए बड़े फैसले: PM मोदी

प्रधानमंत्री ने कहा कि जब दुनिया में कोरोना वायरस का कहर था, तब भारत ने बड़े फैसले लिए. वक्त पर लॉकडाउन लागू किया, इस दौरान अपनी सुविधाओं को बढ़ाया यही वजह है कि दुनिया के कई देश के मुकाबले भारत की स्थिति बेहतर है.पीएम ने कहा कि अर्थव्यवस्था को फिर से मजबूत करना सरकार की प्राथमिकता है, इसके लिए सरकार कई तरह के फैसले ले रही है. सरकार ने इस स्थिति से निकलने के लिए त्वरित फैसलों के अलावा लंबे वक्त में फायदे करने वाले फैसले भी लिए हैं. प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत 74 करोड़ लोगों के घर तक राशन पहुंचाया गया, प्रवासी श्रमिकों के लिए मुफ्त राशन दिया जा रहा है. अबतक गरीब परिवारों को 53 हजार करोड़ रुपये उनके खाते में दी जा चुकी है.

आत्मनिर्भर भारत के लिए 5 i फॉर्मूला

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान सरकार ने 8 करोड़ गैस सिलेंडर मुफ्त में दिए, प्राइवेट सेक्टर के 50 लाख कर्मचारियों को 24 फीसदी EPFO सरकार ने दिया है. देश के आत्मनिर्भर बनाने के लिए पांच विषयों पर ध्यान देना जरूरी है, इनमें Intent, Inclusion, Investment, Infrastructure और Innovation शामिल हैं.किसानों को लेकर पीएम मोदी ने कहा कि सरकार ने ऐतिहासिक बदलाव किए हैं, अब किसान कहीं पर भी अपनी फसल बेच सकता है. किसान कहीं भी, कभी भी अपनी फसलों को अपनी शर्तों पर बेच सकते हैं. पीएम ने कहा कि कोल सेक्टरों को कई तरह के बंधन से मुक्त किया गया है, माइनिंग के नियमों को बदला गया है जिससे लोगों को मदद मिलेगी.प्रधानमंत्री ने कहा कि MSME की परिभाषा बदलने की मांग को पूरा कर दिया गया है, इससे छोटे कारोबारियों को लाभ मिलेगा. आज के जो फैसले लिए गए हैं, उसे समझने के लिए दुनिया की स्थिति को समझना जरूरी है. अब देशों को एक दूसरे की जरूरत पड़ने लगी है. कोरोना संकट के दौरान जब हर कोई खुद को संभाल रहा था, तब भारत ने 125 से अधिक देशों को मेडिकल मदद भेजी थी.हाल ही में मोदी सरकार की ओर से 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज का ऐलान किया गया था, जिसके बाद प्रधानमंत्री मोदी का कारोबारियों के साथ होने वाला ये पहला बड़ा संवाद है.बता दें कि बीते दिन ही मोदी कैबिनेट ने MSME सेक्टर की परिभाषा को बदला, इसके अलावा कारोबार को आसान बनाने, छोटे कारोबारियों को लोन देने, रोजगार बढ़ाने के लिए कई तरह के फैसले लिए.

Share

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *