Pages Navigation Menu

Breaking News

सीबीआई कोर्ट ;बाबरी विध्वंस पूर्व नियोजित घटना नहीं थी सभी 32 आरोपी बरी

कृष्ण जन्मभूमि विवाद- ईदगाह हटाने की याचिका खारिज

सिनेमा हॉल, मल्टीप्लैक्स, इंटरटेनमेंट पार्क 15 अक्टूबर से खोलने की इजाजत

महादानी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी….

Narendra_Modiनई दिल्ली. कोरोना से लड़ाई के लिए बने पीएम केयर्स फंड  के लिए सबसे पहला दान पीएम नरेंद मोदी ने किया था. इस फंड के ऑडिटेड अकाउंट में पहला दान 2.25 लाख रुपये का दिखाया गया है. इसमें दान देने वाले का नाम नहीं है. सूत्रों ने बताया कि जब पीएम केयर्स फंड बनाया गया तब पीएम मोदी ने सवा दो लाख रुपये का दान देकर इसकी शुरुआत की थी. ये पीएम मोदी की अपील का ही असर था कि  पीएम केयर्स फंड मे ठीक-ठाक दान आया और इससे देश भर मे वेंटिलेटर से लेकर कोविड अस्पतालों के निर्माण में पैसे देने का सिलसिला भी शुरू हो गया था.एक ऐसी परंपरा उन्होने शुरु की जिसके तहत वो जनहित के लिए अपने ही पैसे को दान करते रहे. ये जनहित का काम बालिका शिक्षा, नमामी गंगे से लेकर शोषित और वंचित समाज के लिए दान से जुडा था. बतौर सीएम रहते ये काम शुरु करने के बाद से अब तक पीएम मोदी अपनी बचत के 103 करोड रुपये दान कर चुके हैं.

2019 में पीएम मोदी ने अपनी व्यक्तिगत बचत में से 21 लाख रुपये कुंभ मेले मे काम करने वाले सफाई कर्मचारियों के लिए बने फंड में दान किए थे. जब सिओल शांति पुरस्कार मिला तो वहां मिले 1.3 करोड़ रुपये दान करने में पीएम मोदी ने देर नही लगायी.पूरे 1.3 करोड रुपये उन्होने नमामी गंगे कार्यक्रम के लिए दान कर दिए. पिछले साल बतौर पीएम उन्हे मिले तमाम मोमेनटोज की नीलामी कर 3.40 करोड रुपये जमा हुए जिसे पीएम मोदी ने नमामी गंगे फंड मे दान कर दिया.इसके पहले 2015 में भी पीएम मोदी ने खुद को मिले उपहारों की निलामी करायी थी. ये नीलामी सूरत मे हुई थी. इस नीलामी में 8.35 करोड रुपये जमा हुए थे जिसे नमामी गंगे के लिए ही पीएम मोदी ने दान कर दिया.2014 में जब उन्होने गुजरात के मुख्यमंत्री का पद छोड़ा तो अपनी सैलरी से बचे 21 लाख रुपये 21 लाख रुपये उन्होने गुजरात सरकार के कर्मचारियों के बेटियों की शिक्षा के लिए दान कर दिये.बतौर मुख्यमंत्री मिले सभी उपहारों की नीलामी से जमा हुए 89.96 करोड तो उन्होंने कन्या केलावानी फंड मे दान कर दिया. इस योजना के तहत बालिका शिक्षा पर पैसे खर्च किए जाते हैं.संदेश ये नही है कि पीएम मोदी ने अपनी बचत के पैसे दान किए बल्कि ये कि लड़कियों की शिक्षा, समाज के वंचित लोग और निर्मल गंगा उनका एक बड़ा सपना है जिसे पूरा करने में वो अब तक लगे हुए हैं.

पीएम केयर्स फंड को लेकर विपक्षी पार्टियों ने सरकार पर हमले बोले हैं. कांग्रेस ने इसकी कानूनी वैधता पर सवाल उठाया है और इसके पीछे वाज़िब जगह पूछी है क्योंकि केंद्र में एक ऐसा ही फंड Prime Minister’s National Relief Fund (PMNRF) पहले से मौजूद है. एक चिंता का विषय यह भी बताया गया है कि इसे CAG यानी Comptroller and Auditor General of India फंड को ऑडिट नहीं कर सकता. पीएम केयर्स फंड को Foreign Contribution (Regulation) Act के तहत छूट मिली हुई है और विदेशों से फंड रिसीव करने के लिए एक अलग अकाउंट खोला गया है.

Share

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *